AIHoliRailway : AI से भीड़ नियंत्रित करेगा रेलवे :- होली के त्योहार पर यात्रियों की भीड़ को देखते हुए भारतीय रेल ने बड़ा तकनीकी प्लान तैयार किया है। इस बार टिकट बुकिंग से लेकर ट्रेनों के संचालन और भीड़ प्रबंधन तक में आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) की मदद ली जा रही है, ताकि यात्रियों को घर जाने में परेशानी न हो।
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रेलवे के अनुसार, AI सिस्टम मांग के अनुसार अतिरिक्त कोच और विशेष ट्रेनों की योजना बनाने, सीट उपलब्धता का बेहतर आकलन करने और भीड़ वाले स्टेशनों पर व्यवस्थाएं मजबूत करने में मदद करेगा।
इससे यात्रियों को लंबा इंतजार नहीं करना पड़ेगा और टिकट मिलने की संभावना भी बढ़ेगी। साथ ही, प्रमुख स्टेशनों पर क्राउड मैनेजमेंट के लिए भी AI आधारित निगरानी और डेटा विश्लेषण का इस्तेमाल किया जा रहा है, जिससे सुरक्षा और व्यवस्था बेहतर बनी रहे।
आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) के जरिए होली पर बढ़ने वाली भीड़ को नियंत्रित करने की व्यापक तैयारी की गई है। उनका कहना है कि भीड़ की स्थिति के अनुसार AI सिस्टम की मदद से महज आधे घंटे में स्पेशल ट्रेनों के संचालन का निर्णय लिया जा रहा है।
उन्होंने बताया कि नई दिल्ली रेलवे स्टेशन पर विशेष होल्डिंग एरिया बनाया गया है, जहां बड़े-बड़े स्मार्ट कैमरे लगाए गए हैं। ये कैमरे अनारक्षित यात्रियों की संख्या गिनते हैं और उनकी गतिविधियों पर नजर रखते हैं।
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कैमरों से मिले डेटा का विश्लेषण AI करता है, जिससे यह पता चलता है कि किस समय कितनी तेजी से भीड़ बढ़ रही है। इसी आधार पर रेलवे अतिरिक्त इंतजाम, प्लेटफॉर्म प्रबंधन और स्पेशल ट्रेनों की योजना तय करता है, ताकि यात्रियों को लंबा इंतजार न करना पड़े और व्यवस्था सुचारू बनी रहे।
टिकटों की बुकिंग से तय होगी ट्रेन
होली के दौरान बढ़ती भीड़ को देखते हुए भारतीय रेल ने अनारक्षित यात्रियों के लिए अलग से होल्डिंग एरिया बनाया है। यहां हो रही टिकटों की बिक्री के आंकड़ों के आधार पर यह तय किया जा रहा है कि किस क्षेत्र के लिए कितनी ट्रेनों का संचालन किया जाए।
रेलवे इस पूरी प्रक्रिया में आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) का सहारा ले रहा है। जिस रूट के लिए अनारक्षित टिकटों की बिक्री अधिक हो रही है, उस रूट की ट्रेनों को प्राथमिकता दी जा रही है, ताकि ज्यादा से ज्यादा यात्रियों को जल्दी सुविधा मिल सके।
रेलवे अधिकारियों के मुताबिक, टिकट बिक्री के रियल-टाइम डेटा के आधार पर महज 15–20 मिनट में स्पेशल ट्रेन चलाने की तैयारी कर ली जाती है। इससे होली पर घर जाने वाले यात्रियों को लंबा इंतजार नहीं करना पड़ेगा और भीड़ प्रबंधन भी बेहतर होगा।
