IASresignation : IAS कितने दिनों में वापस ले सकते हैं इस्तीफा ? :- IAS हो या IPS और IFS, इनके इस्तीफे की एक लम्बी प्रक्रिया है. ऑल इंडिया सर्विसेज के रूल 5(1) और 5(1)(A) में इस्तीफे का नियम कहता है, अगर कोई अधिकारी इस्तीफा देता है तो इस्तीफा बिना किसी शर्त के होना चाहिए. इस्तीफे में यह साफ बजाया जाना चाहिए कि इसकी असली वजह क्या है. जब भी एक आईएएस अधिकारी इस्तीफा देता है तो वो उस राज्य के चीफ सेक्रेटरी को भेजता है, जहां उसकी तैनाती होती है. वहीं, एक IPS अधिकारी राज्य के सर्वोच्च पुलिस अधिकारी या डीजीपी को इस्तीफा भेजता है. खास बात है कि इस्तीफा मंजूर किया जाए या नहीं, दोनों ही मामलों में यह अधिकारी नहीं तय कर सकते. इसके लिए उन्हें केंद्र सरकार से मंजूरी लेनी होती है।
इस्तीफे के बाद राज्य सरकार यह सत्यापित करती है कि कहीं अधिकारी के खिलाफ कोई लंबित बकाया या सतर्कता मामले या कोई जांच तो पेंडिंग नहीं हैं. ऐसे मामलों में आमतौर पर इस्तीफा अस्वीकार कर दिया जाता है. यह जांच करने के बाद राज्य सरकार इस्तीफे के साथ विजिलेंस स्टेटस और डयू रिपोर्ट केंद्र सरकार को भेजती है. एक आईएएस के इस्तीफे को मंजूरी देने का काम डिपार्टमेंट ऑफ पर्सनल एंड ट्रेनिंग (DOPT) करता है।
क्या IAS वापस ले सकता है इस्तीफा ?
इस्तीफे की खबरों के बीच रिंकू सिंह राही का कहना है, अगर मुझे इस पद पर रहते हुए काम नहीं लिया जा रहा है तो वापस मुझे मेरी मूल सेवा (पीसीएस) में वापस भेजा जाए. उनके बयान से कयास लगाए जा रहे हैं कि वो वापसी की राह भी देख रहे हैं. अब सवाल उठता है कि क्या कोई IAS अपना इस्तीफा वापस ले सकता है।
ऑल इंडिया सर्विसेज के अफसर जैसे IAS और IPS दोनों ही अपना इस्तीफा वापस ले सकते हैं. इसको लेकर भी नियम बनाए गए हैं. नियम कहता है, अगर IAS अधिकारी वापसी करना चाहता है तो उसे 3 महीने यानी 90 दिनों के अंदर इस्तीफे को वापस लेना होगा।
इस्तीफे की वापसी के लिए बकायदा लिखित आवेदन करना होगा.हालांकि कुछ खास स्थितियां ऐसी हैं जब इस्तीफा वापस नहीं हो सकता. जैसे- ऑल इंडिया सर्विस रूल्स के मुताबिक, अगर अधिकारी ने इस सोच के साथ त्यागपत्र दिया है कि वो राजनीतिक दल से जुड़ेगा या चुनाव में हिस्सा लेगा तो उसे इस्तीफा वापस लेने का भी अधिकार नहीं दिया जाता।
इस्तीफा मंजूर हो गया तो क्या होगा ?
अब सवाल है कि अगर इस्तीफा मंजूर हो गया तो आगे क्या होगा? नियम कहता है कि अगर इस्तीफा मंजूर हो गया है और प्रोसेस पूरी हो चुकी है तो उसे वापस नहीं लिया जा सकता. इसलिए इस्तीफा देने के बाद अधिकारी को 90 दिन का समय सोच-विचार के लिए दिया जाता है।
