UPBoard : सर, फेल हुई तो शादी हो जाएगी’ :- यूपी बोर्ड 10वीं और 12वीं की परीक्षाएं खत्म होने के बाद अब मूल्यांकन का दौर जारी है. उत्तर प्रदेश माध्यमिक शिक्षा परिषद (UPMSP) ने 18 मार्च 2026 से कॉपी चेकिंग की प्रक्रिया शुरू कर दी थी. इसके लिए प्रदेशभर में 254-260 केंद्र बनाए गए हैं और 1.5 लाख शिक्षक ड्यूटी पर हैं. इस बार बोर्ड ने सुरक्षा और पारदर्शिता के लिए सख्त इंतजाम किए हैं, लेकिन मूल्यांकन केंद्रों से आने वाली खबरें पुरानी परंपराओं की याद दिला रही हैं।
बोर्ड परीक्षा 2026 की कॉपियां चेक करते समय न केवल छात्रों की मेहनत, बल्कि उनकी हताशा और अजीबोगरीब गुजारिशें भी देखने को मिल रही हैं. मूल्यांकन के शुरुआती दिनों में ही कई केंद्रों पर शिक्षकों को उत्तर पुस्तिकाओं के अंदर 100, 200 और 500 रुपये के नोट दबे हुए मिले हैं. हालांकि, इस साल बोर्ड की सख्ती और ‘एंटी-करप्शन’ नियमों के चलते ऐसे मामलों पर तुरंत कार्रवाई की जा रही है. जहां कुछ छात्र पैसों के जरिए नंबर पाने की कोशिश कर रहे हैं, वहीं कुछ ने इमोशनल मेसेज लिखे हैं।
सख्ती के बीच ‘गुहार’ और ‘नोट’ का खेल
यूपी बोर्ड 10वीं, 12वीं परीक्षा 2026 की कॉपी चेक कर रहे शिक्षकों का कहना है कि डिजिटल मॉनिटरिंग और सीसीटीवी की निगरानी के कारण वे इन अपीलों को चाहकर भी स्वीकार नहीं कर सकते. इस बार केवल छात्र द्वारा लिखे गए सही उत्तरों के आधार पर ही अंक दिए जाएंगे. कुछ स्टूडेंट्स ने बोर्ड परीक्षा की कॉपी में अपनी पारिवारिक स्थिति, बीमारी, घरवालों की शर्त और शादी रोकने जैसी गुहार लगाई है।
यूपी बोर्ड की 10वीं और 12वीं की कॉपियों के मूल्यांकन के दौरान कई केंद्रों पर परीक्षकों को उत्तर पुस्तिकाओं के बीच रुपये दबे हुए मिले हैं. छात्र अक्सर इस उम्मीद में 100 से 500 रुपये के नोट रख देते हैं कि शायद ये देखकर शिक्षक उन्हें पास कर देंगे. हालांकि, इस बार यूपी बोर्ड ने स्पष्ट निर्देश दिए हैं कि अगर किसी कॉपी में पैसे मिलते हैं तो उसे ‘अनुचित साधन’ माना जाएगा. ऐसे मामलों में न केवल छात्र पर कार्रवाई होगी, बल्कि ड्यूटी पर तैनात कक्ष निरीक्षक को भी स्पष्टीकरण देना पड़ सकता है।
