BhabijiGharParHai : अचानक पर्दे से ओझल हो गए शानदार चैनल्स :- भारतीय टेलीविजन का इतिहास उतार-चढ़ाव से भरा रहा है. आज जब हम ओटीटी (OTT) के दौर में जी रहे हैं, तब एक के बाद एक पुराने और पसंदीदा चैनलों के बंद होने की खबरें दिल तोड़ देती हैं. &TV (एंड टीवी) को लेकर सोशल मीडिया पर हलचल मच गई है, क्योंकि 10 साल चले इस चैनल के बंद होने की खबरें आ रही हैं. लेकिन एंड टीवी अकेला नहीं है; इससे पहले भी कई ऐसे चैनल्स आए जिन्होंने अपनी नई सोच और बेहतरीन शोज से दर्शकों के दिलों पर राज किया, लेकिन फिर वे अचानक पर्दे से ओझल हो गए ।
1. &TV (एंड टीवी): अंगूरी भाभी और अंबेडकर की गाथा
2015 में लॉन्च हुए &TV ने बहुत कम समय में अपनी पहचान बना ली थी. इस चैनल ने ‘सास-बहू’ के घिसे-पिटे फॉर्मूले से हटकर कॉमेडी और सामाजिक विषयों पर दांव खेला.यादगार शोज: ‘भाभी जी घर पर हैं!’ इस चैनल का वो कोहिनूर है जिसने विभूति नारायण मिश्रा और अंगूरी भाभी जैसे अमर किरदार दिए. इसके अलावा ‘हप्पू की उलटन पलटन’ और ‘एक महानायक – डॉ. बी.आर. अंबेडकर’ जैसे शोज ने चैनल को घर-घर में लोकप्रिय बनाया।
अचानक क्या हुआ?
रिपोर्ट्स के मुताबिक, ज़ी नेटवर्क अपनी 2026 की रणनीति के तहत इस चैनल को बंद करने की तैयारी में है. हालांकि इस बारे में अब तक किसी ने आधिकारिक घोषणा नहीं की है. लेकिन खबर तो यहां तक है कि ‘भाभी जी…’ जैसे हिट शो को अब सीधे ZEE5 (ओटीटी) पर शिफ्ट किया जा सकता है।
2. स्टार वन: युवाओं का ‘कूल’ अड्डा
अगर 2000 के दशक में आप युवा थे, तो ‘स्टार वन’ आपका पसंदीदा ठिकाना रहा होगा. नवंबर 2004 में लॉन्च हुए इस चैनल ने टीवी देखने का नजरिया ही बदल दिया था।
यादगार शोज: ‘साराभाई वर्सेस साराभाई’ ने मिडिल क्लास और हाई क्लास के बीच के मजाकिया अंतर को जिस तरह पेश किया, वैसा आज तक कोई नहीं कर पाया. ‘रीमिक्स’ ने स्कूल लाइफ दिखाई, तो ‘दिल मिल गए’ और ‘मिले जब हम तुम’ ने कॉलेज रोमांस को नई ऊंचाइयों पर पहुंचाया. ‘गीत हुई पराई’ के जरिए गुरमीत चौधरी और दृष्टि धामी ने एक खूबसूरत लवस्टोरी हमारे सामने पेश की. ‘पवित्र रिश्ता’ फेम सुशांत सिंह राजपूत से पहले ‘स्टार वन’ ने हमें करण सिंह ग्रोवर और जेनिफर विंगेट जैसे स्टार्स दिए।
अचानक विदाई: कम रेटिंग के चलते, साल 2011 में इस चैनल को अचानक ‘लाइफ ओके’ में बदल दिया गया. दर्शकों के लिए ये एक युग का अंत जैसा था।
3. लाइफ ओके: जब हर तरफ गूंजा ‘हर हर महादेव’
स्टार वन की जगह लेने वाले ‘लाइफ ओके’ ने शुरुआत में ही धमाका कर दिया था. इसने दिखाया कि कम बजट और सादगी के साथ भी बेहतरीन कंटेंट बनाया जा सकता है।
यादगार शोज: ‘देवों के देव… महादेव’ ने टीआरपी के सारे रिकॉर्ड तोड़ दिए थे. मोहित रैना को आज भी लोग ‘महादेव’ के रूप में ही याद करते हैं. इसके साथ ही ‘दिल से दुआ – सौभाग्यवती भव?’ में करणवीर बोहरा के निगेटिव किरदार ने सबको चौंका दिया था।
बदलाव का शिकार: 2017 में इस चैनल को भी बंद कर ‘स्टार भारत’ के रूप में रीब्रैंड कर दिया गया, लेकिन ‘लाइफ ओके’ वाली वो बात फिर कभी नहीं लौट पाई।
4. एनडीटीवी इमेजिन: प्रयोगों का दौर
समीर नायर के नेतृत्व में जब ‘एनडीटीवी इमेजिन’ आया, तो इसने टीवी पर कई साहसिक प्रयोग किए. ये चैनल अपनी यूनिक कहानियों के लिए जाना जाता था।
यादगार शोज: ‘ज्योति’ और ‘बंदिनी’ जैसे शोज ने महिला प्रधान कहानियों को एक नई गहराई दी. वहीं ‘कितनी मोहब्बत है’ ने अर्जुन और आरोही (करण कुंद्रा और कृतिका कामरा) की ऐसी प्रेम कहानी दिखाई जो आज भी युवाओं की पहली पसंद है. ‘बाबा ऐसो वर ढूंढो’ जैसे शोज ने समाज की कुरीतियों पर कड़ा प्रहार किया।
अचानक लगा ताला: साल 2012 की एक दोपहर खबर आई कि चैनल बंद हो रहा है. कई शोज अपनी कहानी पूरी किए बिना ही रातों-रात खत्म कर दिए गए, जिसने दर्शकों और कलाकारों को सदमे में डाल दिया था।
5. चैनल वी : संगीत से दोस्ती तक
मूल रूप से एक म्यूजिक चैनल रहा ‘चैनल वी’ 2012 के बाद पूरी तरह यूथ ड्रामा में तब्दील हो गया था।
यादगार शोज: ‘दिल दोस्ती डांस’ (D3) ने भारत में डांस आधारित फिक्शन शोज की नींव रखी. ‘सड्डा हक’ ने इंजीनियरिंग कॉलेज की दुनिया और एक लड़की के संघर्ष को बखूबी दिखाया. ‘गुमराह’ जैसे शो ने किशोर अपराधों के प्रति समाज को सतर्क किया।
