Close Menu
  • उत्तराखंड
  • क्राइम
  • राजनीति
  • स्वास्थ्य
  • देश
  • विदेश
  • वीडियो

Subscribe to Updates

Get the latest creative news from FooBar about art, design and business.

What's Hot

SchoolReconstruction : विद्यालय भवनों के पुनर्निर्माण व नये कक्षा-कक्षों के लिये 274 लाख स्वीकृत

February 14, 2026

RahulGandhi : पीयूष गोयल ने राहुल गांधी को ‘आदतन झूठा’ कहा, भारत-अमेरिका व्यापार समझौते पर उनके दावों का खंडन किया

February 14, 2026

SolarEclipse2026 : आकाश में दिखेगा आग का छल्ला

February 14, 2026
Facebook X (Twitter) Instagram
Facebook X (Twitter) Instagram
Narad Post News
Youtube Login
  • उत्तराखंड
  • राजनीति
  • क्राइम
  • पर्यटन
  • मनोरंजन
  • देश
  • विदेश
  • यूथ
  • स्वास्थ्य
  • शिक्षा
  • सामाजिक
  • स्पोर्ट्स
  • वीडियो
Narad Post News
  • उत्तराखंड
  • राजनीति
  • क्राइम
  • पर्यटन
  • शिक्षा
  • स्वास्थ्य
  • सामाजिक
  • देश
  • विदेश
Home » देवभूमि के गिर्दा: एक अनोखी शख्सियत
उत्तराखंड

देवभूमि के गिर्दा: एक अनोखी शख्सियत

One of the names of the personalities of Uttarakhand is taken with great respect.
Narad PostBy Narad PostDecember 19, 2024No Comments3 Mins Read
Facebook Twitter Pinterest LinkedIn Tumblr WhatsApp VKontakte Email
देवभूमि
देवभूमि
Share
Facebook Twitter LinkedIn Pinterest Email
खबर को सुनें

उत्तराखंड की शख्सियतों में एक नाम बड़े आदर से लिया जाता है और वो नाम है गिरीश तिवारी गिर्दा का। भारत छोड़ो आंदोलन के दौर में जन्‍मे गिर्दा एक फक्कड़ ग्रामीण गवैया थे. अल्मोड़ा शहर में आने के बावजूद उनके भीतर का ग्रामीण नहीं मरा. वो जय जगदीश हरे के संस्कारों को लेकर पैदा तो हुए पर जीया जन की परंपरा का जीवन. गिर्दा को गीतों की प्रेरणा मोहन सिंह रीठागाड़ी, केशव अनुरागी और गोपीदास सरीखे लोकगायकों से मिली. गिर्दा एक बार घर से भागे पर ऐसी जगह जहां पहाड़ का कोई आदमी भागकर नहीं जाता. वो पीलीभीत गये और वहां अपनी जीविका के लिये रिक्शा चलाया. वो कहते थे कि रिक्शा चलाना हल चलाने जैसा ही तो हुआ.

गिर्दा को जीवन भर एक रोग लगा रहा. संपत्ति न जोड़ने का रोग. उसकी आवश्यकताएं हमेशा न्यूनतम रही. एक कुर्ता पहना, झोला लटकाया और निकल पड़ा. कुछ समय पीडब्‍ल्‍यूडी में नौकरी करने के बाद सन 67 में वो संगीत एवं नाटक प्रभाग से जुड़े. उस दौर में उसने मोहिल माटी जैसे नाटकों का लालकिले में मंचन किया. विजेंद्र लाल शाह, पंचानन पाठक, कर्नल गुप्ते और लेनिन पंत जैसे संस्कृतिकर्मियों का साथ उन्‍हें मिला. सन 77 के दौर तक गिर्दा के सांस्कृतिक जीवन का रूपांतरण हो चुका था. वहीं से वो विकसित रंगकर्मी के रूप में उभरे और अब तक की पूरी सांस्कृतिक प्रक्रिया में वो एक मिथक बन गये. उन्‍होंने नैनीताल की निर्ममता को इस तरह बदला कि पूरा नैनीताल सड़क पर आने को विवश हो गया.

उन्‍हें केवल हिमालयी अंचल का मानना उन्‍हें छोटा करके देखना होगा. उन्‍होंने अपनी बाहर की खिड़कियां हमेशा खुली रखी. युगमंच, नैनीताल समाचार, उत्तरा जैसी कई शुरुआतें उनके बिना न हुई होती. गिर्दा एक छुपे हुए पत्रकार भी थे. भागीरथी में आयी बाढ़ के दौर में उनका वो पत्रकार बाहर आया. बाबा नागार्जुन और उनके बीच एक फक्कड़ दोस्ती हुआ करती थी. वो दोनों एक ही बीड़ी को चूस चूस कर पीते. जहां एक ओर चंडीप्रसाद भट्ट, राधाबहन और शमशेर सिंह बिष्ट जैसे राजनीतिक कार्यकर्ता उनके मित्र थे, वही दूसरी ओर गीतकार नीरज जैसी शख्‍सीयतों से उनकी दोस्ती थी.

झूसिया दमाई पर किया गया उनका काम उनकी रचनात्मकता का एक छोटा सा नमूना है. घोर अव्यवस्थित और अनियमित जीवनशैली के बीच भी अपने काम के लिए उनमें गजब का अनुशासन था. वो अपने आसपास के समाज को लेकर हमेशा चिंतित रहे और ये चिंताएं मुख्यत: तीन बिंदुओं पर केंद्रित रहीं. उत्तराखंड बनने की प्रक्रिया की दृष्टिहीनता एवं लक्ष्यहीनता, वामपंथी एवं जनपक्षधर ताकतों में उभरा विखंडन और जनांदोलनों के साथियों के बीच पनपी संवादहीनता. किसी काम की शुरुआत के बाद स्वयं पृष्ठभूमि में चले जाना उनकी आदत थी. ऐसे में उन्‍होंने समाज के बीच हमेशा खाद की तरह काम किया.

narad post personalities of Uttarakhand respect uttarakhand
Share. Facebook Twitter Pinterest LinkedIn Tumblr WhatsApp Email
Previous Articleउत्तराखंड में बर्फबारी के बाद रातें होंगी बेहद सर्द
Next Article स्थानीय युवाओं के लिए खुलेंगे रोजगार अवसर : मुख्यमंत्री
Narad Post

Related Posts

CBSE : 1,00,44,295 डिजिटल स्क्रीन में चेक होंगी कापियां

February 14, 2026

UttarakhandModel : देवभूमि उत्तराखंड विकास की नई ऊंचाइयों पर – योगी

February 7, 2026

UttarakhandRecruitment : उत्तराखंड के युवाओं के लिए सुनहरा मौका

February 7, 2026

iOSupdate : iOS 26.2.1 अपडेट से क्रैश हो रहे एप्स

February 7, 2026
Leave A Reply Cancel Reply

Advt.
Advt.
https://naradpost.com/wp-content/uploads/2025/10/Vertical-V1-MDDA-Housing-1-1.mp4
Advt.
https://naradpost.com/wp-content/uploads/2025/10/MDDA-Final-Vertical-2-1-1.mp4
//

“Narad Post” निष्पक्ष और विश्वसनीय खबरों का स्रोत है, जो राजनीति, समाज, व्यापार और मनोरंजन से जुड़ी महत्वपूर्ण घटनाओं को सरल रूप में प्रस्तुत करता है। हमारी टीम का उद्देश्य सच्चाई और तथ्यपूर्ण जानकारी को निडर पत्रकारिता के माध्यम से आप तक पहुँचाना है।

Our Picks
  • Facebook
  • Twitter
  • Pinterest
  • Instagram
  • YouTube
  • Vimeo
Don't Miss
देहरादून

SchoolReconstruction : विद्यालय भवनों के पुनर्निर्माण व नये कक्षा-कक्षों के लिये 274 लाख स्वीकृत

By Narad PostFebruary 14, 20260

SchoolReconstruction : विद्यालय भवनों के पुनर्निर्माण व नये कक्षा-कक्षों के लिये 274 लाख स्वीकृत :- …

RahulGandhi : पीयूष गोयल ने राहुल गांधी को ‘आदतन झूठा’ कहा, भारत-अमेरिका व्यापार समझौते पर उनके दावों का खंडन किया

February 14, 2026

SolarEclipse2026 : आकाश में दिखेगा आग का छल्ला

February 14, 2026

CBSE : 1,00,44,295 डिजिटल स्क्रीन में चेक होंगी कापियां

February 14, 2026
Contact:

Ananya Sahgal, Editor
Address: 75A, Friends Plaza Rajpur Road Dehradun Uttarakhand
Phone: +918218446859
Email: naradpostuk@gmail.com

About Us
About Us

"Narad Post" निष्पक्ष और विश्वसनीय खबरों का स्रोत है, जो राजनीति, समाज, व्यापार और मनोरंजन से जुड़ी महत्वपूर्ण घटनाओं को सरल रूप में प्रस्तुत करता है। हमारी टीम का उद्देश्य सच्चाई और तथ्यपूर्ण जानकारी को निडर पत्रकारिता के माध्यम से आप तक पहुँचाना है।

Our Picks
Facebook X (Twitter) Instagram YouTube
  • उत्तराखंड
  • क्राइम
  • राजनीति
  • स्वास्थ्य
  • देश
  • विदेश
  • वीडियो
© 2026 Developed By: Tech Yard Labs.

Type above and press Enter to search. Press Esc to cancel.

Sign In or Register

Welcome Back!

Login to your account below.

Lost password?